Jaise mai musa ke sath tha
जैसे मैंCमूसा के साथ साथAmथा वैसे हीGतेरे भीEmसाथ रहूँगाF–(2)Cदस्फ्दार नFहूँगा मैं तुझसे –(2) और तुझे न कभीCछोडूंगाEmCयहोशुआ, उठ लोगAmसाथ ले जाEmमुल्क कनान, उनकोGपंहुचा –(2) जहाँ टिकेगाFतेरेFपावो का तलवा –(2)Cवो जगह मैं तुझेGदे दूंगाEmजैसे मैं …….. हौसला रख, मजबूत हो जा बे दिल न हो, खोफ न खा –(2) ज़िन्दगी भर कोई शख्स तेरे सामने –(2) देर खड़ा न कभी रह सकेगा जैसे मैं ……. मेरे कलाम से, न दायें मुड़ना मेरे कलाम से, न बाएं मुड़ना –(2) मोड़ जाएँ मुँह चाहे, लोग ये सारे –(2) मैं तुझसे न मुह मोडूँगा जैसे मैं ……..C